कैसे हरित तारा एक सरोवर में उगे कमल से जन्मीं, जो अवलोकितेश्वर के अश्रुओं से बना था, जो यह देखकर रो पड़े थे कि उनके अथक प्रयासों के बावजूद दुःखी प्राणी अनंत हैं।
यह एक पवित्र मंत्र है जो माँ तारा को समर्पित है, जो करुणा और सुरक्षा की देवी हैं। इसे बोलने से मन को शांति और जीवन में सुरक्षा मिलती है।
यह एक पवित्र बौद्ध मंत्र है जो हरी तारा (हरित तारा) से संबंधित है। इसके जाप से आयु, पुण्य, ज्ञान और पुष्टि (समृद्धि) की प्राप्ति होती है।