Bharat Devotion

जंगम

शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)

संसार में विचरण करने वाले ज्ञानी संत और ईश्वर का सजीव रूप

व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)

संस्कृत 'गम्' (चलना) — स्थिर के स्थान पर गतिशील चैतन्य।

आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ

समाज को धर्म का मार्ग दिखाने वाले परिव्राजक संत।

जंगम का उल्लेख इन लेखों में