श्री वेंकटेश सुप्रभातम् अपने स्तोत्रम्, प्रपत्ति और मंगलाशासनम् सहित: तिरुमला में भगवान वेंकटेश्वर को जगाने वाला प्रभाती स्तोत्र।
वाल्मीकि रामायण का वह श्लोक (१.२३.२) जिससे वेंकटेश्वर सुप्रभातम् आरम्भ होता है: विश्वामित्र प्रभात में बालक राम को जगाते हैं।