चढ़दी कला
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
हर परिस्थिति में प्रसन्न, साहसी और आशावान रहने की आत्मिक अवस्था
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
पंजाबी 'चढ़दी' (उठती/बढ़ती) तथा 'कला' (शक्ति, आत्मा) से।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
सिखों की विशिष्ट मानसिकता — घोर विपत्ति में भी अटूट श्रद्धा तथा प्रसन्नता।