सहज समाधि
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
दैनिक कार्यों को करते हुए भी ईश्वर में निरंतर मन लगा रहना
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
संस्कृत 'सहज' (स्वाभाविक) + 'समाधि'।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
हँसते-खेलते और गृहस्थी के कर्तव्य निभाते हुए प्रभु का स्मरण बनाए रखना।