तीर्थ
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
पवित्र तीर्थ स्थल
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
संस्कृत 'तृ' से — पार करना — एक पवित्र स्थल, प्रायः किसी नदी, पर्वत, या मंदिर के पास, जिसे भौतिक जगत तथा दिव्यत्व के बीच एक आध्यात्मिक 'घाट' माना जाता है।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
वाराणसी, केदारनाथ, या चार धाम जैसे पवित्र स्थलों की तीर्थयात्रा को केवल गंतव्य के लिए नहीं बल्कि यात्रा की स्वयं की कठिनाई तथा भक्ति हेतु आध्यात्मिक रूप से शुद्धिकारी माना जाता है।