Bharat Devotion

आगम

शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)

जो अवतरित हुआ है

व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)

'आ' (पूर्णतः) और 'गम्' (आना, जाना) से बना; शास्त्रों की एक श्रेणी — शैव, शाक्त, तथा वैष्णव आगम (जिन्हें पंचरात्र/संहिता भी कहा जाता है) — जिन्हें शिव या विष्णु द्वारा सीधे कहा गया माना जाता है, मंदिर निर्माण, मूर्ति प्रतिष्ठा, तथा तांत्रिक अनुष्ठान विधि को नियंत्रित करते हैं।

आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ

जबकि वैदिक प्रामाणिकता निर्वैयक्तिक श्रुति से प्रवाहित होती है, आगम की प्रामाणिकता एक व्यक्तिगत दिव्य वक्ता से प्रवाहित होती है — यही कारण है कि आज अधिकांश दक्षिण भारतीय मंदिर पूजा वैदिक नहीं बल्कि आगम अनुष्ठान विधि का पालन करती है।

आगम का उल्लेख इन लेखों में