अमावस्या
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
सूर्य और चंद्रमा का एक ही राशि में वास — कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
संस्कृत 'अमा' (साथ) + 'वस्' (रहना)।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
पितरों के तर्पण, आत्म-चिंतन और ध्यान के लिए अत्यंत अनुकूल तिथि।