पूर्णिमा
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
चंद्रमा का पूर्ण रूप से प्रकाशित होना — शुक्ल पक्ष की अंतिम तिथि
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
संस्कृत 'पूर्ण' (समग्र/परम)।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
पूर्णता की प्रतीक तिथि, जिस दिन सत्यनारायण कथा और गंगा स्नान का विशेष फल है।