वेद
शाब्दिक अर्थ (Shabdartha)
ज्ञान; पवित्र विद्या
व्युत्पत्ति एवं धातु मूल (Vyutpatti)
संस्कृत 'विद्' (जानना) से; हिंदू धर्म के सबसे प्राचीन तथा सर्वोच्च प्रामाणिक ग्रंथ — ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद, तथा अथर्ववेद — जिन्हें श्रुति माना जाता है, मनुष्य द्वारा रचित नहीं बल्कि सीधे प्रकट।
आध्यात्मिक भावार्थ व संदर्भ
प्रत्येक वेद में चार परतें हैं — संहिता (मंत्र), ब्राह्मण (कर्मकांड व्याख्या), आरण्यक (वन-ग्रंथ), तथा उपनिषद (दर्शन) — जो बाह्य कर्मकांड से आंतरिक चिंतन की ओर बढ़ती हैं।